

दक्षिण-पश्चिम दिल्ली के कपासहेड़ा इलाके में तीन साल की मासूम बच्ची की हत्या के मामले में दिल्ली पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी को पुलिस मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है. आरोपी ने गिरफ्तारी से बचने के लिए पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली उसके पैर में लगी. घायल आरोपी को मौके से गिरफ्तार कर अस्पताल में भर्ती कराया गया है. शुरुआती पूछताछ में उसने बच्ची की हत्या करने की बात कबूल कर ली है. पुलिस अब हत्या के पीछे की असली वजह का पता लगाने में जुटी है.
तीन साल की बच्ची लापता हुई थी
दिल्ली पुलिस के मुताबिक, 10 जुलाई 2026 की शाम कपासहेड़ा थाने में तीन साल की बच्ची के लापता होने की सूचना मिली थी. शिकायत के आधार पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 137(2) के तहत मामला दर्ज किया गया और बच्ची की तलाश शुरू कर दी गई. पुलिस ने आसपास के इलाकों में सर्च ऑपरेशन चलाया और सीसीटीवी फुटेज भी खंगाले, लेकिन शुरुआती दिनों में बच्ची का कोई सुराग नहीं मिला.
इसके बाद 14 और 15 जुलाई की दरमियानी रात कपासहेड़ा नाले के पास, एफआईएमटी (FIMT) कॉलेज के नजदीक एक बच्ची का शव मिलने की सूचना मिली. पुलिस मौके पर पहुंची और शव की पहचान उसी तीन साल की लापता बच्ची के रूप में हुई. घटना की गंभीरता को देखते हुए क्राइम टीम और फॉरेंसिक विशेषज्ञों को मौके पर बुलाया गया. पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में साफ हो गया कि बच्ची की हत्या की गई थी और बाद में उसके शव को नाले में फेंक दिया गया था.
सीसीटीवी कैमरों के फुटेज से मिला सुराग
जांच के दौरान पुलिस ने इलाके के कई सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली. फुटेज के विश्लेषण में एक संदिग्ध व्यक्ति की गतिविधियां सामने आईं, जिसकी पहचान 37 वर्षीय चंदन कुमार के रूप में हुई. चंदन मूल रूप से उत्तर प्रदेश के बलिया जिले का रहने वाला है और कपासहेड़ा में उसी इमारत में रहता था, जहां पीड़ित बच्ची अपने परिवार के साथ रहती थी—यानी आरोपी बच्ची का पड़ोसी ही निकला.
पुलिस ने 15 जुलाई को गांव कपासहेड़ा स्थित आरोपी के ठिकाने पर दबिश दी. जैसे ही पुलिस टीम ने उसे पकड़ने की कोशिश की, उसने देसी पिस्टल निकालकर पुलिस पर फायरिंग कर दी. पुलिस ने आत्मरक्षा और आरोपी को काबू करने के लिए जवाबी कार्रवाई की. इस दौरान एक गोली आरोपी के बाएं पैर में लगी, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया.
आरोपी ने स्वीकार किया मासूम का कत्ल
तलाशी लेने पर उसके पास से एक देसी पिस्टल और एक कारतूस बरामद किया गया. गिरफ्तारी के बाद शुरुआती पूछताछ में आरोपी ने तीन साल की बच्ची की हत्या करने की बात स्वीकार कर ली. दिल्ली पुलिस का कहना है कि आरोपी पेशे से टेलर है और कपासहेड़ा में किराए पर रहता था. वह शादीशुदा है, जबकि उसकी पत्नी और पांच साल का बेटा उत्तर प्रदेश के बलिया स्थित उसके पैतृक गांव में रहते हैं.
फिलहाल पुलिस आरोपी से लगातार पूछताछ कर रही है. जांच का सबसे अहम पहलू यह है कि आखिर आरोपी ने मासूम बच्ची की हत्या क्यों की. पुलिस हत्या के मकसद, घटना के पूरे क्रम और यह जानने की कोशिश कर रही है कि क्या इस वारदात में कोई और भी शामिल था. मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है. गौरतलब है कि हाल ही में दिल्ली के मेहरौली इलाके में भी एक 10 साल की बच्ची को अगवा कर उसके साथ दुष्कर्म के बाद हत्या कर दी गई थी. उस मामले में पुलिस ने एक टैक्सी ड्राइवर को गिरफ्तार किया था.
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