

बीजिंग:
चीन के तिब्बत क्षेत्र में गुरुवार रात आए 7.0 तीव्रता के शक्तिशाली भूकंप ने व्यापक तबाही मचाई है. भूकंप में अब तक कम से कम 16 लोगों की मौत और 46 लोगों के घायल होने की पुष्टि हुई है. उत्तरी तिब्बत के नागकू शहर और आसपास के क्षेत्रों में सैकड़ों घर धराशायी हो गए, जबकि कई महत्वपूर्ण सड़कें और संचार नेटवर्क प्रभावित हुए हैं. प्रशासन ने बड़े पैमाने पर राहत एवं बचाव अभियान शुरू कर दिया है. प्रभावित इलाकों में अस्थायी आवास, टेंट और आवश्यक राहत सामग्री पहुंचाई जा रही है.
नागकू क्षेत्र में सबसे अधिक नुकसान
न्यूज एजेंसी एपी के मुताबिक आधिकारिक जानकारी के अनुसार भूकंप का सबसे ज्यादा असर तिब्बत के उत्तरी शहर नागकू और आसपास के इलाकों में देखने को मिला. कम से कम 339 मकान और 20 पशु शेड ढह गए हैं, जिससे बड़ी संख्या में लोग बेघर हो गए. घायलों में 11 लोगों की हालत गंभीर बताई जा रही है, जबकि 35 अन्य को मामूली चोटें आई हैं.
More than a dozen people were killed when a magnitude 7.0 earthquake hit China’s Tibet on Thursday evening local time, according to local officials. Security cameras captured crowds running out of buildings as the tremors began. https://t.co/9prKSArbqB
— CBS News (@CBSNews) October 22, 2026
युद्ध स्तर पर राहत और बचाव कार्य
भूकंप के बाद स्थानीय प्रशासन ने राहत अभियान तेज कर दिया है. करीब 1,600 से अधिक राहतकर्मियों और बचाव दलों को प्रभावित क्षेत्रों में तैनात किया गया है. प्रशासन ने प्रभावित लोगों के लिए 1,000 प्रीफैब्रिकेटेड मकान, लगभग 3,000 टेंट, फोल्डिंग बेड, टॉर्च और सर्दी से बचाव के लिए आवश्यक कपड़े भेजे हैं.
संचार व्यवस्था प्रभावित
भूकंप के कारण कई इलाकों में संचार सेवाएं बाधित हो गई हैं. अधिकारियों के अनुसार कुछ क्षेत्रों से संपर्क टूट जाने से वास्तविक नुकसान का आकलन करने में समय लग रहा है. रेलवे अधिकारियों ने सुरक्षा के मद्देनजर प्रभावित क्षेत्र से गुजरने वाली ट्रेनों का संचालन अस्थायी रूप से रोक दिया है.
भूस्खलन से राजमार्ग बंद
भूकंप के झटकों के कारण कई स्थानों पर चट्टानें खिसकने और भूस्खलन की घटनाएं हुई हैं. इसके चलते नेशनल हाईवे-317 के एक हिस्से को बंद कर दिया गया है. फिलहाल केवल राहत, बचाव और सरकारी सहायता से जुड़े वाहनों को ही इस मार्ग से गुजरने की अनुमति दी गई है. सड़क पर गिरे मलबे को हटाने का काम जारी है.
अगले तीन दिनों तक बर्फबारी की आशंका
मौसम विभाग ने प्रभावित क्षेत्र में अगले तीन दिनों तक रुक-रुक कर बर्फबारी होने की संभावना जताई है. इससे राहत और बचाव कार्यों में और कठिनाइयां आ सकती हैं. प्रशासन ने बचाव दलों को मौसम संबंधी चुनौतियों के लिए भी तैयार रहने को कहा है.
पांच वर्षों में सबसे शक्तिशाली भूकंप
चीनी मीडिया के अनुसार यह पिछले पांच वर्षों में तिब्बत क्षेत्र में आया सबसे शक्तिशाली भूकंप है. अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (USGS) के मुताबिक भूकंप स्थानीय समयानुसार रात 10:33 बजे आया. इसका केंद्र नागकू शहर से लगभग 191 किलोमीटर पूर्वोत्तर दिशा में स्थित था. भूकंप की गहराई करीब 18 किलोमीटर दर्ज की गई. नागकू तिब्बत की राजधानी ल्हासा से लगभग 300 किलोमीटर से अधिक उत्तर में स्थित है.
हालात पर नजर
प्रशासन लगातार प्रभावित क्षेत्रों का जायजा ले रहा है और नुकसान का आकलन किया जा रहा है. राहत एजेंसियां मलबे में फंसे लोगों की तलाश में जुटी हुई हैं, जबकि हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने का काम जारी है.
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