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सम्राट चौधरी के CM बनते ही ब‍िहार में हर तीसरे द‍िन होने लगे थे एनकांउटर, भरत तिवारी के बाद थम गया स‍िलस‍िला  | Samrat Chaudhary CM Encounters Bihar every three days Bharat Tiwari



सम्राट चौधरी ने 15 अप्रैल 2026 को सीएम पद की शपथ ली. ठीक 7 द‍िन बाद 22 अप्रैल को पटना में लूट के आरोपी दिलीप यादव का एनकाउंटर हुआ. इसके बाद एनकांउटर का दौर शुरू हो गया. कोई आध‍िकार‍िक आंकड़ा तो नहीं म‍िला, लेक‍िन NDTV के पास मौजूद डेटा के अनुसार, 22 अप्रैल से 17 जून तक 56 द‍िनों में 20 एनकाउंटर हुए, ज‍िसमें 4 की मौत हो गई. यानी एवरेज न‍िकालें तो सम्राट चौधरी के सीएम बनने के बाद हर तीसरे द‍िन एनकांउटर हो रहे थे. 

सीएम ने 15 जून को किया था पोस्ट 

15 जून को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने अपने सोशल मीडिया हैंडल से पोस्ट किया. ज‍िसमें ल‍िखा, “अपराधियों का या तो गया जी में पिंडदान होते रहे या फिर वे जेल में रहे. क्योंकि, इसके बिना बिहार अपराध मुक्त नहीं हो सकता है. वैसे तो 80 से 90% अपराधी बिहार छोड़कर भाग गए हैं. अगर नहीं है तो पता बताते रहिए उनका इलाज बिहार पुलिस करती रहेगी.” संदेश साफ था, बिहार में पुलिसिया इनकाउंटर जारी रहेगा. 

17 जून को भरत तिवारी का एनकांउटर 

पोस्‍ट के दो दिन बाद 17 जून को भोजपुर में भरत तिवारी का एनकाउंटर हो गया, ज‍िसमें उसकी मौत हो गई. पुल‍िस ने उसे मानसिक रूप से विक्षिप्त बताया था. भरत त‍िवारी के एनकाउंटर पर ऐसा बवाल मचा कि सरकार के मंत्रियों से लेकर गठबंधन के बड़े-बड़े नेताओं ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए.   

भरत त‍िवारी के एनकांउटर के बाद बखेड़ा 

भरत त‍िवारी के एनकांउटर के बाद तत्कालीन एडीजी लॉ एंड ऑर्डर सुधांशु कुमार ने कहा था क‍ि एनकाउंटर कभी भी उपलब्धि नहीं माना जा सकता है.  इस मामले में पुलिस ने लापरवाही बरती.  पूर्व डीजीपी अभयानंद भी एनकाउंटर को सही नहीं मानते हैं. वे कहते हैं कि भरत तिवारी का एनकाउंटर नहीं था, मर्डर था. नीतीश कुमार जब मुख्यमंत्री थे तो अभयानंद को डीजीपी रहे थे.  वे कहते हैं, एनकाउंटर अपराध कम करने का विकल्प नहीं है. जब मैं डीजीपी था तो स्पीडी ट्रायल, आर्म्स एक्ट जैसे मामलों को गति देकर हमने अपराध को नियंत्रित किया था. जब तक कोई अपराधी कई दुर्दांत अपराध में न शामिल रहे तब तक उसके एनकाउंटर के बारे में पुलिस अधिकारी नहीं सोचते. वे ट्रायल और सजा दिलाने में विश्वास रखते हैं.  

विपक्ष ने घेरा, सम्राट ने कहा-एक्शन जारी रहेगा

नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव इस एनकाउंटर को फेक बता चुके हैं. उन्होंने कहा था कि पुलिस पहले भी कई फेक एनकाउंटर करवा चुकी है. सम्राट चौधरी को इस पर माफी मांगनी चाहिए. जनसुराज के नेता प्रशांत किशोर पीड़ित परिवार से मिलने गए थे, और उन्होंने भी कार्रवाई पर सवाल उठाए थे.  हालांकि, मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने रविवार को वापस से एक्शन की बात दोहराई. उन्होंने कहा कि अपराधियों पर एक्शन जारी रहेगा, जो अपराधी हैं उन्हें नेपाल जाना पड़ेगा. अपराधियों को छोड़ नहीं सकते.  सम्राट चौधरी भले ही यह बयान दे रहे हों, लेकिन वे बैकफुट पर हैं.

“योगी मॉडल लागू करना चाहते थे”

वरिष्ठ पत्रकार रवि उपाध्याय कहते हैं, “सम्राट चौधरी योगी मॉडल लागू करना चाहते थे.  लेकिन भरत तिवारी मामले में उन्हें जिस तरह का विरोध झेलना पड़ा, उसकी उम्मीद उन्हें नहीं थी.  इसलिए अभी बिहार में एनकाउंटर पर ब्रेक है.  जब तक कोई बड़ी आपराधिक घटना नहीं होती, तब तक फिलहाल पुलिस और सरकार कोई एक्शन लेने से बचेगी. “

कब-कब हुए एनकाउंटर? 

  • 22 अप्रैल – पटना में लूट के आरोपी दिलीप यादव का एनकाउंटर.  
  • 26 अप्रैल – नवादा में 50 हजार के इनामी मिंटू यादव का एनकाउंटर. 
  • 30 अप्रैल – भागलपुर में कार्यपालक पदाधिकारी की हत्या करने वाले रामधनी यादव का एनकाउंटर.  रामधनी की मौत. 
  • 6 मई – सीवान में रोडरेज की घटना में भाजपा नेता के भांजे की हत्या का आरोपी सोनू यादव का एनकाउंटर.  सोनू की मौत.  
  • 13 मई – पटना के बिहटा में हत्यारोपी अवधेश और पप्पू का एनकाउंटर.  
  • 18 मई – पटना में सरकारी शिक्षक पर गोली चलाने के आरोपी संदीप का एनकाउंटर.  
  • 18 मई – सीवान में लूट के आरोपी अंकित का एनकाउंटर. 
  • 20 मई – समस्तीपुर में लूट के आरोपी प्रिंस का एनकाउंटर.  
  • 21 मई – जहानाबाद में दीपक शर्मा की हत्या के आरोपी विक्कू सिंह का एनकाउंटर.  
  • 21 मई – किशनगंज में अंतरराज्यीय गिरोह के सरगना पवन राय का एनकाउंटर. 
  • 26 मई – खगड़िया में 50 हजार के इनामी बुद्धन मियाँ का एनकाउंटर.  
  • 27 मई – पटना के मसौढ़ी में लूट के आरोपी अजय पासवान का एनकाउंटर.  
  • 30 मई – गोपालगंज में कुख्यात अपराधी आकाश सिंह का एनकाउंटर.  
  • 13 जून – पटना के मसौढ़ी में पुलिस बल पर हमला करने वाले हैदर का एनकाउंटर.  हैदर की मौत.  
  • 16 जून – गोपालगंज में शराब तस्कर किशन कुमार का एनकाउंटर.  
  • 16 जून – गया में डकैत गैंग के सुजीत और श्रवण का एनकाउंटर.  
  • 17 जून – मुजफ्फरपुर में प्रॉपर्टी डीलर के हत्या के आरोपी अमित सिंह का एनकाउंटर
  • 17 जून – भोजपुर के शाहपुर में भरत तिवारी का एनकाउंटर. भरत तिवारी की मौत.

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