

नई दिल्ली:
भारतीय जनता पार्टी ने चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर बेबुनियाद सवाल उठाने और देश की संवैधानिक संस्थाओं को बदनाम करने की साजिश के विरोध में राहुल गांधी और इंडिया ब्लॉक के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है.
भाजपा का कहना है कि चुनाव आयोग ने सभी मनगढ़ंत आरोपों पर दूध का दूध और पानी का पानी कर दिया था, तब भी अपनी लगातार चुनावी हार से हताश कांग्रेस और उसके सहयोग दल अपनी नाकामी छिपाने के लिए संवैधानिक मर्यादाओं को तार-तार करने पर आमादा हैं.
इसी के तहत आज बीजेपी के 10 मुख्यमंत्रियों ने अपने-अपने राज्यों में एक साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कांग्रेस पर जोरदार हमला बोला.
कौन-कौन से सीएम उतरे मैदान में?
- उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
- महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस
- असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा शर्मा
- राजस्थान के मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा
- मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव
- गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल
- हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी
- छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
- उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी
- दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता
- बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी
- पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी
जहां भाजपा या एनडीए की सरकारें नहीं हैं, वहां प्रदेश भाजपा अध्यक्ष या नेता प्रतिपक्ष ने प्रेस कांफ्रेंस कर कांग्रेस और इंडिया ब्लॉक की पार्टियों पर जोरदार हमला किया.
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किस सीएम ने क्या कहा?
- महाराष्ट्र के सीएम देवेंद्र फडणवीस: कोई वोट नहीं चुराया गया, राहुल गांधी का दिमाग चुरा लिया गया है. राहुल गांधी संविधान की आड़ में संस्थाओं को बदनाम कर देश में अराजकता फैलाना चाहते हैं, ताकि लोगों का व्यवस्था से विश्वास उठ जाए और देश को कम्युनिस्ट विचारधारा की ओर धकेला जा सके.
- यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ: विपक्षी पार्टियों ने SIR को लेकर भ्रम फैलाया है. इसलिए कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों को अपने इस कृत्य के लिए जनता से माफी मांगनी चाहिए.
- असम के सीएम हिमंता बिस्वा शर्मा: इंडी गठबंधन को हारे हुए लोगों का गठबंधन करार दिया.
- मध्य प्रदेश के सीएम डॉ. मोहन यादव: राहुल गांधी से न तो अपनी पार्टी संभल रही है, न अपना कुनबा, इसलिए अब झूठ फैलाने में लग गए हैं. वे अपने साथियों की गिरेबान में हाथ डालते-डालते उनकी गर्दन दबाने में लगे हैं. इसी प्रेस वार्ता में मध्य प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने SIR को लेकर कांग्रेस पर चुनाव आयोग जैसी संवैधानिक संस्था पर बार-बार आरोप लगाने और जनता में भ्रम फैलाने का आरोप लगाया.
- छत्तीसगढ़ के सीएम विष्णु देव साय: 100 से अधिक चुनाव हार चुकी हताश कांग्रेस अब राष्ट्रविरोधी आचरण पर उतर आई है. चुनाव आयुक्तों की संयुक्त प्रेस वार्ता ने कांग्रेस के झूठ की पोल खोल दी है और यह देश की छवि खराब करने की राहुल गांधी की एक सोची-समझी साजिश है.
- उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी: लोकतंत्र में सवाल पूछना ठीक है, लेकिन किसी आंतरिक चर्चा के नोट को अंतिम निर्णय बताकर संस्थाओं को बदनाम करना गलत है. चुनाव आयोग के सभी फैसले पूरी सहमति से लिए गए हैं.
- राजस्थान के सीएम भजनलाल शर्मा: विपक्ष अपनी चुनावी हार को छिपाने के लिए झूठ फैला रहा है. उन्होंने कांग्रेस से पूछा कि 24 जून, 2025 के जो आदेश पूर्ण सहमति से पारित हुए थे, उन पर गंभीर आरोप लगाने से पहले तथ्यों की जांच क्यों नहीं की गई?
- दिल्ली की सीएम रेखा गुप्ता: विपक्ष अपनी विफलताओं, देश के साथ किए गए विश्वासघात और विकास कार्यों से ध्यान भटकाने के लिए यह आधारहीन स्थिति पैदा कर रहा है. क्या उनके शासनकाल में चुनाव आयोग में ऐसी पारदर्शिता थी, जब आयोग पूरी तरह से उनके निर्देश पर काम करता था? राहुल गांधी और कांग्रेस को देश की जनता से माफी मांगनी चाहिए.
- हरियाणा के सीएम नायब सिंह सैनी: कांग्रेस अपने शासनकाल की गलत नीतियों के कारण हताश है. उनके राज में युवाओं, किसानों, गरीबों और महिलाओं का अपमान हुआ, जिसके कारण जनता ने उन्हें नकार दिया. अब विपक्ष के पास केवल एक ही मिशन बचा है ‘पीएम मोदी को गाली दो या संवैधानिक संस्थाओं का अपमान करो.’
- गुजरात के सीएम भूपेंद्र पटेल: कांग्रेस की कथनी और करनी में हमेशा अलग-अलग मापदंड रहे हैं. जब वे चुनाव जीतते हैं तो लोकतंत्र की जीत और चुनाव आयोग की निष्पक्षता की बात करते हैं, लेकिन जब पीएम मोदी के नेतृत्व में जनादेश भाजपा को मिलता है, तो वे वोट चोरी और धांधली के झूठे राग अलापने लगते हैं.
- बिहार के सीएम सम्राट चौधरी: मतदाता सूची का शुद्धिकरण जरूरी है, क्योंकि अब देश में ‘बूथ कैप्चरिंग’ नहीं चलती. राहुल गांधी के आरोप पूरी तरह से गलत हैं.
- बंगाल के सीएम शुभेंद अधिकारी: कांग्रेस केरल में SIR का समर्थन करती है क्योंकि वहां उसे जीत मिली, लेकिन बंगाल में चुनाव हारने के बाद वे इसका विरोध कर रहे हैं. उन्होंने स्पष्ट किया कि तार्किक विसंगतियों के कारण खारिज किए गए नामों का निपटान न्यायिक अधिकारियों द्वारा किया गया था और विपक्ष केवल जनता को गुमराह कर रहा है.
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अन्य राज्यों में भी हमला
कर्नाटक विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष आर. अशोक और विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष चलवाड़ी नारायणस्वामी ने कांग्रेस पर हमला बोला और कहा कि कांग्रेस अपनी नाकामी को छुपाने के लिए मनगढ़ंत कहानी बना रही है तो केरल में प्रदेश भाजपा महासचिव अनूप एंटनी ने राहुल गांधी पर पलटवार करते हुए कहा कि केरल कांग्रेस के बड़े नेता तो SIR को सही ठहरा रहे हैं जबकि राहुल गांधी झूठ फैला रहे हैं.
केंद्रीय मंत्री जी किशन रेड्डी ने हैदराबाद में प्रेस कांफ्रेंस कर राहुल गांधी और विपक्ष द्वारा लगातार संवैधानिक संस्थाओं पर हमला करने को लेकर करारा प्रहार किया, आंध्र प्रदेश में प्रदेश भाजपा अध्यक्ष तो हिमाचल प्रदेश में प्रदेश भाजपा अध्यक्ष राजीव बिंदल और झारखंड में प्रदेश भाजपा अध्यक्ष आदित्य साहू ने राहुल गांधी को कठघरे में खड़ा किया.
भाजपा नेताओं ने कड़ा संदेश दिया है चुनाव आयोग एक स्वायत्त संस्था है और इसके खिलाफ बेबुनियाद बयानबाजी अस्वीकार्य है. पार्टी ने जनता से अपील की है कि वे विपक्ष के इन झूठे दावों को समझें और लोकतंत्र के प्रति अपने विश्वास को मजबूत रखें.
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