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ग्वालियर में बांग्लादेशी घुसपैठियों ने एक ही पते पर बनवाए 20 पासपोर्ट, बौद्ध अनुयायी बनकर घूम आए कई देश | gwalior dabra fake passport racket bangladeshi infiltrators stf arrest 


ग्वालियर में बांग्लादेशी घुसपैठियों ने एक ही पते पर बनवाए 20 पासपोर्ट, बौद्ध अनुयायी बनकर घूम आए कई देश

fake passport racket bangladeshi infiltrators: एसटीएफ ने गिरोह के मास्टरमाइंड रियाल चौधरी समेत दो आ‍रोपियों को गिरफ्तार किया.

ग्वालियर में बांग्लादेशी घुसपैठियों की एक नई करतूत का खुलासा हुआ है. इन घुसपैठियों ने पासपोर्ट बनाने की प्रक्रिया में बड़ी सेंध लगा दी. लंबी जांच के बाद सामने आया क‍ि डबरा के सिमरिया टेकरी की बौद्ध विहार कॉलोनी के एक ही पते पर फर्जी दस्तावेजों से 20 पासपोर्ट बनवाए गए. ये सभी पासपोर्ट बांग्लादेशियों के नाम पर जारी किए गए. 

इन पासपोर्ट से बांग्लादेशी घुसपैठिए बौद्ध अनुयायी बनकर थाईलैंड, मलेशिया, चीन, श्रीलंका और जापान की यात्रा भी करते रहे. जांच में हुए इस खुलासे के बाद प्रशासनिक स्‍तर पर हड़कंप मच गया है. हिंदूवादी संगठनों और कांग्रेस के स्थानीय विधायक सुरेश राजे ने इस बड़ी लापरवाही को लेकर सवाल उठाए हैं. 

2021 से चल रहा था फर्जीवाड़े का खेल  

पासपोर्ट को लेकर किए इस फर्जीवाड़े के मास्टरमाइंड रियाल चौधरी समेत दो लोगों को एसटीएफ ने गिरफ्तार किया है, उन्‍हें पूछताछ के बाद जेल भेज दिया गया है. पूछताछ में अब तक 20 से ज्यादा फर्जी पासपोर्ट का खुलासा हुआ है. 

शातिर गिरोह ने ऐसा सिस्टम बनाया कि पुलिस सत्यापन से लेकर पासपोर्ट बनाने की प्रक्रिया में सांठगांठ कर फर्जी दस्तावेज खपा दिए. साल 2021-22 से डबरा में यह गोरखधंधा चल रहा था. इस गिरोह का मास्टरमाइंड रियाल मूल रूप से बांग्लादेशी है और वह असम में रहता है. 

पहली फर्जी दस्तावेज फ‍िर बनवाया पासपोर्ट 

एसटीएफ की जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने पहले ऑनलाइन आवेदन कर मूल निवास प्रमाण पत्र बनवाया. इसमें उन्होंने बौद्ध परंपरा के अनुसार, अपना बदला हुआ बौद्ध नाम लिखा. इसी प्रमाण पत्र के आधार पर उन्होंने आधार कार्ड बनवाया और फिर पासपोर्ट भी बनवा लिया. इस खुलासे के बाद पासपोर्ट को लेकर सत्यापन करने वाली डबरा पुलिस भी संदेह के घेरे में है. सवाल उठा रहा है कि आखिर पुलिस ने सत्‍यापन में यह गड़बड़ी क्‍यों नहीं पकड़ी. 

सांठगांठ से चल रहा था पूरा खेल 

पूछताछ में मास्टरमाइंड रियाल ने बताया कि वर्षों पहले ये लोग बांग्लादेश छोड़कर भारत आए थे और देश के अलग-अलग शहरों में रह रहे हैं. उसने ऐसे लोगों के पासपोर्ट बनवाने के लिए आधार कार्ड, पैन कार्ड और जन्म प्रमाण पत्र सब सिस्टम में सांठगांठ करके फर्जी तरीके से बनवाए. इसके बाद  पुलिस से सांठगांठ कर सत्यापन कराया. एसटीएफ हर एंगल से मामले की जांच कर रही है.  

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लापरवाही पर उठे सवाल 

इस मामले के खुलासे के बाद अब सियासत भी शुरू हो गई है. बजरंग दल और कांग्रेस ने इस बड़ी लापरवाही पर सवाल उठाए हैं. कांग्रेस विधायक विधायक सुरेश राजे ने कहा क‍ि यह राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा बेहद गंभीर मामला है. इतना सब कुछ जब हो रहा था, तब सुरक्षा एजेंसियां क्या कर रही थीं.




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