

झारखंड के चतरा में ‘स्टार फिश’ नामक यात्री बस को रोककर NCB (नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो) के नाम पर 31.90 लाख रुपये की लूट के मामले का पुलिस ने खुलासा कर दिया है. वशिष्ठनगर थाना पुलिस की स्पेशल टीम ने मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है. आरोपियों के पास से 70 हजार रुपये नकद और लूट में इस्तेमाल काले रंग की थार गाड़ी बरामद की गई है.
डीएसपी मुख्यालय सुनील कुमार सिंह ने बताया कि एसपी अनिमेष नैथानी के निर्देश पर इस लूटकांड पर त्वरित कार्रवाई करते हुए उनके नेतृत्व में वशिष्ठनगर थाना पुलिस की एक विशेष टीम गठित की गई थी. गठित टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और स्थानीय इनपुट के आधार पर कार्रवाई करते हुए आरोपियों को अलग-अलग स्थानों से पकड़ा है.
नारकोटिक्स विभाग का स्टाफ बनकर रोकी गाड़ी
जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने खुद को नारकोटिक्स विभाग का स्टाफ बताकर ‘स्टार फिश’ बस को जोरी टोल प्लाजा से पहले रोककर लूट की वारदात को अंजाम दिया था. उन्होंने बताया कि इस मामले में रंगू कुमार, अभिषेक कुमार, प्रिंस कुमार यादव, अविनाश कुमार और बजरंगी कुमार उर्फ रंगा को गिरफ्तार किया गया है.
पुलिस कर रही अन्य साथियों की तलाश
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से कुल 70 हजार रुपये नकद बरामद किए हैं. इसके अलावा वारदात में इस्तेमाल की गई काली थार भी जब्त कर ली गई है. गिरफ्तार आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया जारी है. मामले में पुलिस लूट की बाकी रकम की बरामदगी और गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है.
झारखंड और बिहार के रहने वाले हैं आरोपी
डीएसपी मुख्यालय ने बताया कि गिरफ्तार सभी अपराधी बिहार के गया जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों और झारखंड के हजारीबाग के रहने वाले हैं. झारखंड और बिहार के अलग-अलग इलाकों से इन सभी लुटेरों की गिरफ्तारी हुई है. उन्होंने बताया कि इस अभियान में जोरी थाना प्रभारी अमित कुमार सिंह, प्रतापपुर थाना प्रभारी आलोक रंजन चौधरी, इटखोरी थाना प्रभारी अभिषेक सिंह, हंटरगंज थाना के एसआई शिवा यादव समेत टेक्निकल सेल की टीम और सशस्त्र बल के जवान शामिल थे.
(सूर्यकांत कमल की रिपोर्ट)
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