
IPS Jagmohan Meena: ओडिशा कैडर के 2013 बैच के भारतीय पुलिस सेवा अधिकारी जगमोहन मीणा ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है. उन्होंने भुवनेश्वर में डीसीपी (DCP) के पद पर तैनात रहते हुए यह सेवा छोड़ी है. आखिर महज 13 साल में ही जगमोहन मीणा का IPS जैसी प्रतिष्ठित सेवा से मोहभंग क्यों हो गया? 6 जुलाई 2026 को इस्तीफा देने के बाद NDTV से बातचीत में उन्होंने अपने फैसले की पुष्टि की और अपना अगला कदम भी बताया.
37 वर्षीय जगमोहन मीणा ने बताया कि उन्होंने कुछ हफ्ते पहले ही सरकार को आधिकारिक तौर पर अपना इस्तीफा मेल कर दिया था. उनका इस्तीफा अभी प्रशासनिक प्रक्रिया के तहत है और सरकार ने इसे औपचारिक रूप से स्वीकार नहीं किया है. उन्होंने स्पष्ट किया कि उनके इस फैसले के पीछे किसी तरह का बाहरी दबाव या प्रशासनिक कारण नहीं है, और उन्होंने लोगों से अपनी निजता का सम्मान करने की अपील की.
क्या निजी क्षेत्र में जाएंगे IPS जगमोहन मीणा?
सरकार से इस्तीफा मंजूर होने के बाद जगमोहन मीणा निजी क्षेत्र में अपनी नई पारी की शुरुआत कर सकते हैं. हालांकि, उन्होंने सार्वजनिक रूप से अभी किसी कंपनी या संस्था के नाम का खुलासा नहीं किया है. विभिन्न मीडिया रिपोर्टों में उनके राजस्थान स्थित पारिवारिक व्यवसाय या निजी कॉर्पोरेट क्षेत्र से जुड़ने की संभावना जताई जा रही है.
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13 साल का रहा शानदार पुलिस करियर
मूल रूप से राजस्थान के रहने वाले जगमोहन मीणा 2013 बैच के ओडिशा कैडर के IPS अधिकारी हैं. अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण जिलों और पदों की जिम्मेदारी संभाली. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत कालाहांडी में SDPO के रूप में की थी. इसके बाद वे मलकानगिरी, अंगुल और गंजाम जिलों में एसपी (SP) के पद पर तैनात रहे. वे कटक के डीसीपी भी रहे और फरवरी 2025 से भुवनेश्वर के डीसीपी की जिम्मेदारी संभाल रहे थे. अपने सेवाकाल के दौरान उन्होंने नक्सल विरोधी अभियानों, कानून-व्यवस्था बनाए रखने और कई चर्चित मामलों की निष्पक्ष जांच में अहम भूमिका निभाई.
जगमोहन मीणा के इस्तीफे को लेकर क्यों हो रही है चर्चा?
भारतीय पुलिस सेवा के बेहद ईमानदार अफसरों में गिने जाने वाले जगमोहन मीणा का इस्तीफा ऐसे समय में आया है, जब भुवनेश्वर-कटक कमिश्नरेट पुलिस हाल की कुछ घटनाओं को लेकर सार्वजनिक और राजनीतिक चर्चा के केंद्र में रही है. इसी वजह से उनके इस्तीफे को लेकर तरह-तरह की अटकलें लगाई जा रही थीं. हालांकि, मीणा ने साफ शब्दों में इन सभी अफवाहों को खारिज करते हुए कहा कि उनका इस्तीफा किसी दबाव, विवाद या प्रशासनिक कारण से नहीं जुड़ा है और यह पूरी तरह से उनका व्यक्तिगत निर्णय है.
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सरकार की मंजूरी का इंतजार
सूत्रों के अनुसार, जगमोहन मीणा ने कुछ समय पहले ही अपना इस्तीफा राज्य सरकार को भेज दिया था. फिलहाल उनका आवेदन प्रशासनिक प्रक्रिया में है और अंतिम स्वीकृति मिलना बाकी है. नियमों के मुताबिक, औपचारिक मंजूरी मिलने के बाद ही उनका इस्तीफा प्रभावी माना जाएगा.
इस्तीफे के बाद जगमोहन मीणा ने ओडिशा की जनता और राज्य सरकार के प्रति गहरा आभार व्यक्त किया. उन्होंने कहा कि ओडिशा के लोगों ने उन्हें हमेशा अपार स्नेह और अपनापन दिया है, तथा इस राज्य की सेवा करना उनके लिए गर्व की बात रही. उन्होंने भगवान जगन्नाथ से सभी के कल्याण और खुशहाली की प्रार्थना भी की.
आईपीएस जगमोहन मीणा यूपीएससी जर्नी व अवार्ड
बता दें कि आईपीएस जगमोहन मीणा ने 23 दिसंबर 2013 को पुलिस सेवा जॉइन की थी. सेवा के दौरान उत्कृष्ट और साहसिक कार्यों के लिए जगमोहन मीणा को 2019 में वीरता के लिए पुलिस पदक और 2021 में पुलिस आंतरिक सुरक्षा सेवा पदक से सम्मानित किया जा चुका है. मीणा ने यूपीएससी की सिविल सेवा परीक्षा 2012 में सफलता हासिल की थी. उन्होंने मुख्य परीक्षा में 724 और इंटरव्यू में 181 अंक हासिल किए थे.





