
Pakistan Janmashtami 2026: पाकिस्तान में हिंदुओं को लेकर अक्सर जबरन धर्मांतरण, भेदभाव और मंदिरों पर हमले जैसी खबरें सामने आती हैं. लेकिन जन्माष्टमी 2026 पर वहां से आई तस्वीरों में डर नहीं, उत्सव दिखाई दिया. कराची के ऐतिहासिक मंदिर में आधी रात घंटे बजे, घोटकी में श्रद्धालु कृष्ण भजनों पर झूमे और फैसलाबाद के एक मैदान में इतनी भीड़ दिखाई दी कि वीडियो बना रहे व्लॉगर ने कहा- पाकिस्तान उमड़ आया है.
इस बार इन आयोजनों की तस्वीरें केवल स्थानीय मंदिरों तक सीमित नहीं रहीं. पाकिस्तान के यूट्यूबर्स कैमरा लेकर जन्माष्टमी के कार्यक्रमों में पहुंचे और वहां का माहौल दुनिया को दिखाया. किसी ने अपने वीडियो के शीर्षक में पूछा, ‘क्या यह पाकिस्तान में वृंदावन है?’, तो किसी ने पूरा जन्माष्टमी व्लॉग बनाकर बताया कि पाकिस्तान के हिंदू परिवार कान्हा का जन्मोत्सव कैसे मनाते हैं.
भारत की तरह, पाकिस्तान में जन्माष्टमी 4 सितंबर 2026 को मनाई गई. कराची, हैदराबाद, घोटकी, सांघड़, थरपारकर और कलोई से समारोहों के वीडियो और तस्वीरें सामने आईं. पंजाब के फैसलाबाद में हुए एक कार्यक्रम ने भी सोशल मीडिया पर लोगों का ध्यान खींचा.
कराची के ऐतिहासिक मंदिर में रात 12 बजे हुआ कृष्ण जन्म
कराची के एमए जिन्ना रोड स्थित श्री स्वामीनारायण मंदिर में जन्माष्टमी का प्रमुख आयोजन हुआ. मंदिर को फूलों, झालरों और रंगीन रोशनी से सजाया गया था. शाम से ही श्रद्धालु पहुंचने लगे थे. मंदिर में भजन-कीर्तन हुआ और रात 12 बजे भगवान श्रीकृष्ण का जन्म मनाया गया. इसके बाद विशाल भंडारे का भी आयोजन किया गया है, जहां पर हजारों लोगों ने प्रसाद भी ग्रहण किया.
आलम ये था कि पाकिस्तान की मीडिया में भी जन्माष्टमी देखी गई. यूट्यूब पर भी कई वीडियो जन्माष्टमी से जुड़े लोगों ने शेयर किया. इसी तरह से इंस्टाग्राम भी रीलें देखकर शेयर कर रहे हैं और बता रहे है कि पाकिस्तान में भी जन्माष्टमी की धूम देखते बन रही है.
जन्माष्टमी के मौके पर पाकिस्तानी सिंगर ने सुनाएं कृष्ण भजन
कराची देखकर यूट्यूबर ने कहा- पाकिस्तान में वृंदावन?
कराची के जन्माष्टमी उत्सव पर कंटेंट क्रिएटर मिजना मुनव्वर ने वीडियो बनाया. इसका शीर्षक (Thumbnail) था VRINDAVAN IN PAKISTAN?. वीडियो में दिखाया कि एक बड़े से मैरिज हॉल में आयोजन किया गया, जहां पर कृष्ण की झांकियां, मोरपंख, भजन और बड़ी संख्या में आए श्रद्धालु दिखाई दे रहे हैं.
पाकिस्तानी यूट्यूबर रवीना ममनानी ने भी जन्माष्टमी समारोह को अपने कैमरे में रिकॉर्ड किया और बताया कि पाकिस्तान में जन्माष्टमी कैसे मनाई जाती है. इस व्लॉग में उत्सव को कुछ सेकेंड की वायरल क्लिप की तरह नहीं, बल्कि कार्यक्रम के पूरे माहौल के साथ दिखाया गया है. सजावट, पूजा और वहां पहुंचे परिवारों की मौजूदगी के जरिए दर्शकों को पता चलता है कि पाकिस्तान का हिंदू समुदाय जन्माष्टमी कैसे मनाता है.
वीडियो देखने के लिए यहां क्लिक करें
रोहन परमार और व्लॉगर दास जैसे स्थानीय क्रिएटर्स ने भी जन्माष्टमी की तैयारियों, मंदिरों की सजावट और पूजा के वीडियो जारी किए. इन व्लॉग्स की वजह से पाकिस्तान के छोटे शहरों में होने वाले कार्यक्रम भी देश से बाहर बैठे लोगों तक पहुंचे.
घोटकी के कृष्ण मंदिर में भी दिखी रौनक
सिंध के घोटकी स्थित बागेश्वर कृष्ण मंदिर में भी जन्माष्टमी मनाई गई. यहां पहुंचे स्थानीय व्लॉगर ने मंदिर के भीतर की पूजा, भजन और श्रद्धालुओं की मौजूदगी को रिकॉर्ड किया. घोटकी के जन्माष्टमी व्लॉग में सजा हुआ मंदिर और उत्सव का माहौल दिखाई देता है.
हैदराबाद में गीता ज्ञान संस्था की ओर से धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किया गया. सांघड़ में स्थानीय हिंदू समुदाय ने वार्षिक जन्माष्टमी समारोह मनाया. थरपारकर और कलोई में इस पर्व की रौनक देखने को मिली.
रासलीला में उमड़ी भारी भीड़
फैसलाबाद में उमड़ी भीड़ का दावा
पंजाब के फैसलाबाद स्थित करीम टाउन में हुए जन्माष्टमी कार्यक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ. मैदान को लाइटों और धार्मिक झंडों से सजाया गया था. वीडियो में मंच के सामने काफी भीड़ दिखाई दी. पाकिस्तानी व्लॉगर दर्शन राम यादव ने कार्यक्रम स्थल से वीडियो बनाते हुए कहा कि भीड़ के कारण आगे जाने की जगह नहीं मिल रही.
सिंध में क्यों हुए सबसे ज्यादा आयोजन?
पाकिस्तान में हिंदुओं की सबसे ज्यादा आबादी करीब 49 लाख लोग अकेले सिंध में रहते हैं. यही वजह है कि जन्माष्टमी पर यहां पर सबसे अधिक आयोजन देखे गए.


