

वाशिंगटन:
अमेरिका में मध्यावधि चुनावों (US Midterm Elections 2026) की वोटिंग समाप्त होने के साथ ही शुरुआती रुझान सामने आने लगे हैं. इन चुनावों में प्रतिनिधि सभा की सभी 435 सीटों, सीनेट की 35 सीटों और 36 राज्यों के गवर्नर पदों पर मुकाबला हुआ है. चुनाव परिणाम न केवल यूएस कांग्रेस (अमेरिकी संसद) के दोनों सदनों पर नियंत्रण तय करेंगे, बल्कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के कार्यकाल के शेष हिस्से और उनके बिल संबंधी एजेंडे की दिशा भी निर्धारित करेंगे. इस बीच एग्जिट पोल और शुरुआती नतीजों ने अमेरिकी राजनीति में नई चर्चा शुरू कर दी है. इंडियाना और केंटकी के कुछ हिस्सों में सबसे पहले मतदान केंद्र बंद होने के साथ एग्जिट पोल और मतगणना शुरू हो गई है. कई स्टेट में रिकॉर्ड मतदान दर्ज किया गया है.
शुरुआती मतगणना में एंडी बैर आगे
केंटकी से सामने आए शुरुआती रुझानों में रिपब्लिकन उम्मीदवार एंडी बैर बढ़त बनाए हुए हैं. NDTV को प्राप्त आंकड़ों के अनुसार बैर को 7,074 वोट यानी 67.6 प्रतिशत सपोर्ट मिला है. डेमोक्रेटिक उम्मीदवार चार्ल्स बुकर 3,187 वोट यानी 30.4 प्रतिशत के साथ दूसरे स्थान पर हैं, जबकि केंटकी पार्टी के उम्मीदवार क्रिस्टोफर कैंपबेल को 209 वोट यानी 2 प्रतिशत वोट मिले हैं. हालांकि अभी एक प्रतिशत से भी कम मतों की गिनती हुई है, इसलिए इन आंकड़ों को केवल शुरुआती रुझान माना जा रहा है.
संसद में किसका कंट्रोल होगा?
मिडटर्म चुनावों में अमेरिकी संसद के दोनों सदनों का भविष्य दांव पर है. प्रतिनिधि सभा की सभी 435 सीटों और सीनेट की 35 सीटों पर हुए चुनाव तय करेंगे कि अगले दो वर्षों तक वॉशिंगटन में किस पार्टी का प्रभाव रहेगा. इन नतीजों का सीधा असर राष्ट्रपति ट्रंप की नीतियों और उनके विधायी कार्यक्रमों पर भी पड़ेगा.
ट्रंप की अप्रूवल रेटिंग 38 प्रतिशत
CBS न्यूज के एग्जिट पोल के मुताबिक राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की अप्रूवल रेटिंग 38 प्रतिशत दर्ज की गई है. मिडटर्म चुनाव के दौरान किसी मौजूदा राष्ट्रपति के लिए यह सबसे कम अप्रूवल रेटिंग में से एक मानी जा रही है. एग्जिट पोल के अनुसार लगभग तीन-चौथाई मतदाता देश की वर्तमान दिशा को लेकर असंतुष्ट हैं. साथ ही दो साल पहले की तुलना में अर्थव्यवस्था को लेकर नकारात्मक सोच रखने वालों की संख्या भी बढ़ी है.
10 में से 6 वोटर ट्रंप के कामकाज से असंतुष्ट : सर्वे
CNN के वोटर पोल के शुरुआती आंकड़ों में पता चला है कि 10 में से 6 मतदाता राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के कामकाज को लेकर असंतुष्ट हैं. बढ़ती महंगाई, आर्थिक चुनौतियां और राजनीतिक ध्रुवीकरण मतदाताओं के प्रमुख मुद्दे बनकर उभरे हैं. वोटर पोल में यह भी सामने आया कि 2024 के राष्ट्रपति चुनाव में ट्रंप का समर्थन करने वाले लगभग पांचवें हिस्से के मतदाता अब उनके प्रदर्शन से असंतुष्ट हैं. सर्वे के अनुसार लगभग तीन-चौथाई मतदाताओं ने कहा कि वे देश की वर्तमान स्थिति से खुश नहीं हैं या उन्हें लगता है कि हालात खराब हुए हैं. लगभग 40 प्रतिशत मतदाताओं ने खुद को नाराज बताया.
लगभग 90 प्रतिशत मतदाताओं ने ईंधन की कीमतों को लेकर चिंता जताई, जबकि लगभग इतने ही लोगों ने खाद्य सामग्री, स्वास्थ्य सेवाओं और अन्य जरूरी खर्चों पर भी चिंता व्यक्त की.
ईरान नीति पर भी मतदाताओं की नाराजगी
एग्जिट पोल के अनुसार अधिकांश अमेरिकी मतदाताओं का मानना है कि ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई का फैसला सही नहीं था. यह मुद्दा चुनाव अभियान के दौरान भी चर्चा का केंद्र रहा और कई विश्लेषक इसे ट्रंप प्रशासन के लिए चुनौतीपूर्ण विषय मान रहे हैं.
ट्रंप बोले- मेरे पास वीटो की ताकत है
वोटिंग खत्म होने से पहले CBS न्यूज को दिए एक टेलीफोनिक इंटरव्यू में ट्रंप ने संभावित डेमोक्रेटिक बहुमत वाले कांग्रेस की संभावना पर प्रतिक्रिया दी. उन्होंने कहा, ‘मेरे पास अंतिम शक्ति है, जिसे वीटो कहते हैं.’ ट्रंप ने यह भी कहा कि अगर डेमोक्रेट्स को बढ़त मिलती है तो अंततः उन्हें समझौते की मेज पर आना पड़ेगा. उन्होंने कहा कि इतिहास गवाह है कि कुछ समय बाद दोनों पक्षों को मिलकर काम करना पड़ता है.
यह भी पढ़ें : US Midterm Poll: अमेरिका में मध्यावधि चुनाव के लिए वोटिंग शुरू… ट्रंप की ताकत बढ़ेगी या घटेगी? जानें सबकुछ





