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कट गया था 29 साल के पुरुष का प्राइवेट पार्ट, SMS हॉस्पिटल के डॉक्टरों ने 4 घंटे के ऑपरेशन में फिर से जोड़ा | 29 year old man private part surgery sms hospital jaipur rajasthan doctors performed rare operation



जयपुर के डॉक्टरों ने एक ऐसे ऑपरेशन को सफलापूर्वक पूरा किया, जिसे चिकित्सा के क्षेत्र में बेहद ही दुर्लभ माना जा रहा है. सवाई मानसिंह हॉस्पिटल (SMS Hospital) के डॉक्टरों ने एक 29 वर्षीय युवक के प्राइवेट पार्ट की सर्जरी की. ऑपरेशन के करीब 40 दिन बाद मरीज पूरी तरह स्वस्थ है. जब उस पर धारदार हथियार से जानलेवा हमला किया गया तो प्राइवेट पार्ट को नुकसान पहुंचा था. यह ऐसी जटिल स्थिति थी, जब कुछ घंटों की देरी से मरीज की जान पर बन सकती थी. एसएमएस हॉस्पिटल के सर्जन, एक्सपर्ट्स समेत पूरी मेडिकल टीम ने मिलकर इस ऑपरेशन को किया. घटना के करीब 4 घंटे के भीतर ही युवक को ट्रॉमा सेंटर लाया गया. मरीज की गंभीर स्थिति को देखते हुए प्लास्टिक सर्जरी विभाग की टीम सक्रिय हुई और उसी रात आपातकालीन पुनर्निर्माण शल्य चिकित्सा (Emergency Reconstructive Surgery) की गई.

टीमवर्क-विशेषज्ञता से बची मरीज की जान

डॉ. संगीता ठाकुरानी ने ऑपरेशन की पूरी जानकारी देते हुए बताया कि मरीज को चोट लगने के कुछ ही घंटों के भीतर अस्पताल पहुंचा दिया गया, इसकी वजह से इलाज कर पाना संभव हो सका. तत्परता के चलते ऑपरेशन के सफल होने के चांस बढ़ गए. इसके अलावा, ऐसे मामलों में तुरंत निर्णय, टीमवर्क और विशेषज्ञता भी जरूरी होती है. 

वहीं, डॉ. राकेश कुमार जैन का कहना है, “प्लास्टिक सर्जरी केवल कॉस्मेटिक सर्जरी तक सीमित नहीं है, अब इसका दायरा काफी आगे बढ़ चुका है. एसएमएस अस्पताल में अत्याधुनिक तकनीकों और अनुभवी टीम की सहायता से ऐसे अनेक जटिल मामलों का सफल उपचार किया जा रहा है.”

ऑपरेशन के बाद डॉक्टरों की टीम ने लगातार मॉनिटरिंग की और अब युवक पूरी तरह खतरे से बाहर है. आज (15 जुलाई) करीब 40 दिनों के इलाज के बाद मरीज पूरी तरह स्वस्थ हुआ. दुर्लभ मामले के साथ ही इसे प्लास्टिक और रिकंस्ट्रक्टिव सर्जरी की क्षमता के लिहाज से बड़ी उपलब्धि भी माना जा रहा है.  

इन डॉक्टरों की टीम ने की सर्जरी

प्लास्टिक एवं पुनर्निर्माण शल्य चिकित्सा विभागाध्यक्ष डॉ. राकेश कुमार जैन और यूनिट हेड डॉ. संगीता ठाकुरानी की टीम ने ऑपरेशन किया. इस टीम में सहायक आचार्य डॉ. मुकुल धाभाई, डॉ. नवप्रीत और डॉ. ईशिता गौर की भी भूमिका रही. 

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