
IAS तृप्ति सिंह सिर्फ फर्जी अफसर ही नहीं बनी, बल्कि उसके एक के बाद एक बड़े फर्जीवाड़े भी किए हैं जो अब भोपाल पुलिस की जांच में समाने आ रहे हैं. पुलिस के हाथ तृप्ति सिंह के गोविंदपुरा SDM बनने का फर्जी दस्तावेज लगा है.
फर्जी आईएएस तृप्ति सिंह ने 2025 की सिविल सर्विस फाइनल लिस्ट को एडिट किया था. उसने चयनित अभ्यर्थी नमन गोयल की जगह अपना नाम एडिट कर लिख दिया था. फर्जी दस्तावेजों के जरिए उसने 13 अप्रैल 2026 को गोविंदपुरा एसडीएम बनने का किया दावा किया था.

फर्जी आईएएस तृप्ति सिंह ने 2025 की सिविल सर्विस फाइनल लिस्ट में अपना नाम जोड़ा.
छात्रों को टिप्स, कोचिंग वालों से भी लिया पैसा,

मप्र विधानसभा में फर्जी IAS तृप्ति सिंह.
फर्जी आईएएस तृप्ति पर 4 केस दर्ज
फर्जी आईएएस अधिकारी तृप्ति सिंह एक शातिर आरोपी है. उसके खिलाफ अब तक भोपाल में 4 से ज्यादा एफआईआर दर्ज हो चुकी हैं, जिनमें लाखों की ठगी का आरोप है. भोपाल एडीसीपी शैलेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि तृप्ति सिंह पर मप्र टूरिज्म में होटल लीज पर दिलाने के नाम पर सिवनी के रहने वाले गगन उपवंशी से 50 लाख रुपये ऐंठने का आरोप लगाया है. इसी तरह बालाघाट के रहने वाले रोहित लिल्हारे से उसने 39 लाख की ठगी की है.

तृप्ति सिंह के एसडीएम बनने का फर्जी आदेश.
तृप्ति सिंह अकेली ठग नहीं
ठगी के इस खेल में तृप्ति सिंह अकेली नहीं है, उसके भाई प्रखर सिंह और ड्राइवर भूपेंद्र भी शामिल हैं, जिन्हें रिमांड खत्म होने के बाद पुलिस ने जेल भेज दिया है. तृप्ति सिंह के साथ एमपी विधानसभा में 2 युवतियों का वीडियो सामने आया था, जो उसकी सहेलियां बताईं जा रही हैं. फिलहाल, पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है, जिसमें और भी खुलासे हो सकते हैं.
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