
नई दिल्ली:
राहुल गांधी शुक्रवार की सुबह अचानक दिल्ली के संसद मार्ग थाने पहुंचे. उनके साथ दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्र आंदोलन के दौरान पैलेट गन से घायल हुए साहिल लोचाब भी थे. राहुल गांधी पैलेट गन चलाने में कथित तौर पर शामिल पुलिसकर्मियों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराने वहां पहुंचे थे. राहुल गांधी के करीबी सूत्रों का कहना है कि पुलिस साहिल की FIR दर्ज नहीं कर रही है. ऐसे में राहुल खुद साहिल को अपने साथ लेकर पहुंचे हैं. राहुल गांधी थाने में ही धरने पर बैठ गए हैं.
राहुल गांधी धरने पर बैठे
राहुल गांधी पहले थाने पहुंचे यहां उन्होंने कुछ जानकारी ली थी, जिसके बाद वह धरने पर बैठ गए. राहुल गांधी ने डीसीपी से जानकारी ली थी, 40 से 45 मिनट तक उनकी मुलाकात हुई थी. साहिल ने यह भी बताया कि उन्हें पैलेट गन कैसे लगी थी. लेकिन दिल्ली पुलिस की तरफ से पैलेट गन से घायल व्यक्ति के मामले में FIR दर्ज करने से इनकार करने के बाद राहुल गांधी थाने के बाहर ही थरने पर बैठ गए.

बताया जा रहा है कि राहुल गांधी का कहना है कि जब तक पैलेट गन मामले में साहिल की एफआईआर दर्ज नहीं हो जाती तब तक वह धरने पर बैठेंगे. राहुल गांधी के साथ साहिल और उसकी मां भी धरने पर बैठी हुई है. उनके साथ कांग्रेस की सांसद कुमारी शैलजा भी हैं. कांग्रेस के कई और नेता भी यहां मौजूद हैं. राहुल गांधी के पहुंचने के बाद यहां भीड़ बढ़ना शुरू हो गई है, जिसके बाद पुलिस बल भी तैनात किया गया है. राहुल गांधी लगातार इस मुद्दे को उठा रहे हैं.
राहुल गांधी को DCP ने दी जानकारी
बताया जा रहा है कि राहुल गांधी को DCP ने भी जानकारी दी है. उनका कहना है कि सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में पैलेट गन मामले की जांच की जा रही है. कमेटी सभी मामलों की जांच कर रही है. सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जस्टिस आर सुभाष रेड्डी को इस कमेटी का अध्यक्ष बनाया गया है. जिसमें पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट के पूर्व चीफ जस्टिस रवि शंकर झा, सीबीआई के पूर्व डायरेक्टर ऋषि कुमार शुक्ला, दिल्ली हाईकोर्ट की पूर्व जज जस्टिस शलिंदर कौर और मेघालय के रिटायर्ड डीजीपी डॉ. एलआर बिश्नोई भी शामिल हैं, उन्हीं की निगरानी में जांच हो रही है. यह जानकारी देने के साथ राहुल गांधी से पुलिस ने यह भी कहा है कि पुलिस थाने में बहुत से फरियादी आते हैं, ऐसे में यहां धरने पर न बैठा जाए. राहुल गांधी से नई दिल्ली इलाके की ज्वाइंट कमिश्नर नूपुर प्रसाद ने बातचीत की है, उनके साथ डीसीपी नई दिल्ली सचिन शर्मा भी थे.

राहुल गांधी ने लिया कार्रवाई का अपडेट
दरअसल, राहुल गांधी साहिल लोचाब को अपने साथ लेकर थाने पहुंचे और उन्होंने यहां पुलिस स्टेशन में इस बात का अपडेट लिया कि पैलेट गन मामले में अब तक क्या एक्शन हुआ है. पुलिस की तरफ से क्या कार्रवाई की गई है, राहुल गांधी के सूत्रों के मुताबिक फिलहाल मामले में एफआईआर दर्ज नहीं की गई है. इस मामले में वह प्रेस कॉन्फ्रेंस भी कर सकते हैं. बता दें कि यह मामला दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन के दौरान दौरान पैलेट गन के इस्तेमाल से जुड़ा है. जिसमें 19 साल के साहिल लोचा घायल हो गए थे. ऐसे में कांग्रेस नेता राहुल गांधी इस मामले में पूरी तरह से एक्टिव नजर आ रहे हैं.
राहुल गांधी ने DCP से ली जानकारी
बताया जा रहा है कि राहुल गांधी ने थाने में DCP कुछ खास बातों की जानकारी मांगी है. जिसमें पूछा गया है कि जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान पैलेट गन चलाने का आदेश किसने दिया? राहुल ने यह भी कहा कि उनके पास पैलेट गन के इस्तेमाल के पर्याप्त सबूत हैं, 20 जुलाई को पुलिस ने छात्रों के खिलाफ हुई पैलेट गन मामले में क्या कार्रवाई की गई है. राहुल गांधी इस मामले में मीडिया से बातचीत कर सकते हैं.

साहिल ने राहुल गांधी से किया था संपर्क
दरअसल, साहिल लोचाब ने दिल्ली पुलिस से एफआईआर की मांग की थी. लेकिन उनका कहना था कि बीते दिनों वो अपने वकील के साथ इस घटना की FIR दर्ज करवाने थाने गए लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई थी. ऐसे में उन्होंने राहुल गांधी से संपर्क किया था. इसके बाद राहुल पहले मंदिर मार्ग थाने और फिर डीसीपी के दफ्तर पहुंचे. इससे पहले अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद साहिल ने दस जनपथ पर राहुल गांधी से मुलाकात की थी और राहुल गांधी उन्हें मीडिया के सामने लाए थे.
कौन हैं साहिल लोचाब
दरअसल, 19 साल के साहिल लोचाब छात्र हैं. वह दक्षिण-पश्चिम दिल्ली के नजफगढ़ इलाके के रहने वाले हैं. 20 जुलाई को जब दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्र प्रदर्शन हुआ था. तब प्रोटेस्ट के दौरान पैलेट गन से उन्हें चोट लगी थी. उनके दाहिनी आंख की रोशनी पर असर हुआ था. साहिल की सर्जरी भी हुई थी. अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद साहिल ने राहुल गांधी से संपर्क किया था. साहिल दिल्ली विश्वविद्यालय से स्कूल ऑफ ओपन लर्निंग के छात्र भी हैं.
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