
देश के लिए अपनी जवानी कुर्बान करने वाले बहादुर सैनिकों को अब सम्मानजनक आजीविका मुहैया कराने के लिए सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है. इसके जरिए भूतपूर्व सैनिकों, वीर नारियों और दिव्यांग पूर्व सैनिकों के लिए पुनर्वास महानिदेशालय (Directorate General of Resettlement (DGR)) एक खास अवसर लेकर आई है. डीजीआर की कोल लोडिंग एवं ट्रांसपोर्टेशन योजना की मदद से पात्र लाभार्थी अब आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनने की दिशा में कदम बढ़ा सकते हैं. इस योजना के लिए रजिस्ट्रेशन प्रोसेस 20 जून यानी आज से शुरू हो चुका है. योजना का मकसद पूर्व सैनिकों और उन पर निर्भर (Dependents) लोगों को सम्मानजनक रोजगार और रेग्युलर इनकम का साधन उपलब्ध कराना है, ताकि वे रिटायरमेंट के बाद भी आर्थिक तौर पर मजबूत बने रहें.
क्या है कोयला टिपर अटैचमेंट योजना?
डीजीआर की कोल लोडिंग एवं ट्रांसपोर्टेशन योजना में लाभार्थियों को कोयला टिपर अटैचमेंट योजना से जोड़ा जाता है. इस योजना में शामिल सैनिकों को कोयला ट्रांसपोर्टेशन से जुड़ी गतिविधियों में काम करने का अवसर मिलेगा. जानकारी के अनुसार, इस योजना में शामिल होने के लिए लगभग 4 से 6 लाख रुपये तक का निवेश करना पड़ सकता है. इसके बदले लाभार्थियों को लगातार काम और अच्छी-खासी इनकम प्राप्त करने का अवसर मिलता है.
क्या आप या आपके परिवार में कोई पूर्व सैनिक है?
अब सम्मान के साथ आत्मनिर्भर बनने का अवसर आपके द्वार पर है।
डीजीआर कोल लोडिंग एवं ट्रांसपोर्टेशन स्कीम के अंतर्गत वीर नारियाँ, अनाथ आश्रित एवं दिव्यांग पूर्व सैनिक भी लाभार्थी के रूप में जुड़ सकते हैं।
पंजीकरण प्रारंभ: 20 जून 2026… pic.twitter.com/WcD8MQM80X
— Directorate General of Resettlement (@dgrIndia) June 17, 2026
किन लोगों को मिलेगा लाभ?
इस योजना का लाभ केवल पूर्व सैनिकों तक सीमित नहीं है. डीजीआर ने पात्रता का दायरा बढ़ाते हुए इन वर्गों को भी शामिल किया है.
- भूतपूर्व सैनिक
- वीर नारियां
- अनाथ आश्रित
- दिव्यांग पूर्व सैनिक
इस पहल का मकसद उन परिवारों को आर्थिक सुरक्षा प्रदान करना है, जिन्होंने देश सेवा में महत्वपूर्ण योगदान दिया है.
ऐसे करें आवेदन
इच्छुक उम्मीदवार और पात्र लाभार्थी डीजीआर की ऑफिशियल वेबसाइट पर जाकर योजना से जुड़ी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं. वहीं ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया भी वेबसाइट के माध्यम से पूरी की जा सकती है. पूर्व सैनिकों और उनके परिवारों के लिए यह योजना सम्मान के साथ आत्मनिर्भर बनने का एक बेहतरीन अवसर साबित हो सकती है. ऐसे में पात्र उम्मीदवार समय रहते आवेदन कर इस सुविधा का लाभ उठा सकते हैं.
आत्मनिर्भरता और सम्मानजनक इनकम का अवसर
यह योजना पूर्व सैनिकों के लिए इनकम का एक शानदार माध्यम बन सकती है. कोयला ट्रांसपोर्टेशन क्षेत्र में लगातार मांग रहने के कारण इससे जुड़े लाभार्थियों को लंबे समय तक रोजगार के अवसर मिलने की संभावना रहती है. योजना के माध्यम से लाभार्थी आर्थिक रूप से मजबूत बन सकते हैं. यही कारण है कि इसे पूर्व सैनिक समुदाय के लिए एक महत्वपूर्ण पुनर्वास पहल माना जा रहा है.
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