मध्य प्रदेश

Himachal News: हिमाचल के सरकारी भर्तियों में ‘एंटी-चिट्टा टेस्ट’ होगा अनिवार्य, सुक्खू सरकार का सख्त रुख


हिमाचल प्रदेश (Himachal Pradesh) को नशे, खासकर ‘चिट्टे’ (सिंथेटिक ड्रग्स) के चंगुल से मुक्त कराने के लिए सुक्खू सरकार ने एक बेहद सख्त और ऐतिहासिक कदम उठाया है. अंतरराष्ट्रीय नशा निषेध एवं अवैध तस्करी निवारण दिवस के अवसर पर राज्य में मनाए गए ‘एंटी-चिट्टा दिवस’ पर सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि अब से राज्य में होने वाली सभी सरकारी भर्तियों के लिए ‘एंटी-चिट्टा टेस्ट’ अनिवार्य किया जाएगा.

शुक्रवार (26 जून) को राज्य सरकार और हिमाचल प्रदेश पुलिस ने नशे के खिलाफ अब तक की अपनी सबसे बड़ी संयुक्त कार्रवाई को अंजाम दिया. पूरे प्रदेश में 10 अलग-अलग स्थानों पर एनडीपीएस (NDPS) अधिनियम के तहत जब्त किए गए मादक पदार्थों को वैज्ञानिक तरीके से नष्ट किया गया. नष्ट किए गए इन मादक पदार्थों की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 13.28 करोड़ रुपये आंकी गई है.

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DC की परफॉर्मेंस का होगा आकलन: के.के. पंत

कार्यकारी मुख्य सचिव के.के. पंत ने सरकारी नौकरियों के लिए एंटी-चिट्टा टेस्ट अनिवार्य करने की जानकारी देते हुए कहा कि राज्य सरकार चिट्टे के खात्मे के लिए व्यापक स्तर पर काम कर रही है. उन्होंने कहा, “इस अभियान को सफल बनाने के लिए अब सभी जिलों के उपायुक्तों (DC) की परफॉर्मेंस भी आंकी जाएगी. पुलिस केवल खेप नहीं पकड़ रही, बल्कि ‘फाइनेंशियल इन्वेस्टिगेशन’ के जरिए दूर बैठे मुख्य तस्करों (Kingpins) तक भी पहुंच रही है.”

पंजाब के रास्ते आ रहा चिट्टा: एडीजीपी ज्ञानेश्वर सिंह

एडीजीपी पुलिस ज्ञानेश्वर सिंह ने बताया कि दिल्ली में आयोजित एनकॉर्ड (NCORD) की बैठक में भी इस मुद्दे पर विस्तार से चर्चा हुई. उन्होंने बताया कि हिमाचल में चिट्टा मुख्य रूप से पंजाब के रास्ते पहुंच रहा है. इंटर-स्टेट ड्रग सचिवालय (Inter-State Drug Secretariat) के गठन के बाद कार्रवाई और अधिक प्रभावी हुई है. पुलिस अब केंद्रीय एजेंसियों के साथ समन्वय बनाकर किंगपिन से लेकर नशे के छोटे उपभोक्ताओं तक पहुंच रही है.

उत्तराखंड सीमा पर शांति: डीजीपी अशोक तिवारी

डीजीपी अशोक तिवारी ने नशा तस्करों के खिलाफ लगातार हो रही कार्रवाई पर संतोष जताया. वहीं, उत्तराखंड में हाल ही में हुए निहंग विवाद के संदर्भ में उन्होंने स्पष्ट किया कि हिमाचल-उत्तराखंड सीमा पर पूरी तरह शांति बनी हुई है. हिमाचल पुलिस लगातार उत्तराखंड पुलिस के संपर्क में है और सीमावर्ती क्षेत्रों पर कड़ी नजर रखी जा रही है.

पुलिस की आम जनता से अपील

हिमाचल प्रदेश पुलिस ने प्रदेशवासियों से विशेष अपील की है कि वे चिट्टा या अन्य मादक पदार्थों की तस्करी, बिक्री या सेवन से जुड़ी कोई भी जानकारी तुरंत डायल 112 या अपने नजदीकी पुलिस थाने को दें. पुलिस ने आश्वस्त किया है कि सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी और हर सूचना पर तुरंत कार्रवाई होगी.

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