खबर

मालिक हरिराम और पत्नी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत… सत्य निकेतन हादसे में अब तक क्या-क्या हुआ? | What happened after the Satya Niketan incident



दिल्ली के सत्य निकेतन में एक इमारत ढहने की वजह से सात लोगों की मौत हो गई, जिनमें पांच छात्र बताए जा रहे हैं. 27 घंटे बाद सत्य निकेतन में रेस्क्यू ऑपरेशन खत्म हो गया है. दिल्ली पुलिस के अनुसार, इस हादसे में पांच लोग घायल हुए हैं, जिनमें तीन की हालत गंभीर बनी हुई है. हादसे में जान गंवाने वालों की पहचान भी सामने आ गई है. मृतकों की सूची में अभिषेक, युवराज सोनी, पवन, अर्पित, अक्षत सिंह यादव और सुरेंद्र सिंह के नाम शामिल हैं.

हादसा कब हुआ, कैसे हुआ?

जानकारी के लिए बता दें कि रविवार दोपहर दिल्ली के सत्य निकेतन में यह हादसा हुआ था. हादसे के तुरंत बाद स्थानीय लोगों ने मदद करते हुए रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया था. मलबे के नीचे कई लोगों के फंसे होने की आशंका थी जिनमें कई छात्र भी शामिल थे. ब्लिंकिट ऑक्सीजन के जरिए भी लोगों तक मदद पहुंचाई जा रही थी. ग्रीन कॉरिडोर भी तैयार किया गया था. बाद में एनडीआरएफ को भी मौके पर बुलाया गया. 27 घंटे बाद यह कठिन रेस्क्यू ऑपरेशन पूरा हो चुका है. मलबे के नीचे फंसे सभी लोगों को बाहर निकाल लिया गया है और मृतकों की संख्या बढ़कर सात हो गई है.

पुलिस ने क्या कार्रवाई की?

इस मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए बिल्डिंग मालिक हरिराम गुप्ता को गिरफ्तार कर लिया है. उसे राजस्थान के भिवाड़ी से पकड़ा गया है. हरिराम के बेटे महेश बंसल को भी पुलिस ने गिरफ्तार किया है. अब तक इस मामले में कुल तीन लोग गिरफ्तार हो चुके हैं. पुलिस को जांच में यह भी पता चला कि प्रॉपर्टी असल में हरिराम की पत्नी उर्मिला के नाम पर थी. वहीं हरिराम ने अपने नाम दो फ्लोर के इलेक्ट्रिसिटी कनेक्शन रखे हुए थे. हरिराम और उसकी पत्नी को तो 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया है, बेटे को दो दिन की पुलिस कस्टडी में भेज दिया गया है.

एमसीडी पर भी गिरी गाज

वहीं, मामले में एमसीडी पर भी कार्रवाई की गई है. डिप्टी कमिश्नर, सुपरिंटेंडिंग इंजीनियर, एग्जीक्यूटिव इंजीनियर, असिस्टेंट इंजीनियर और जूनियर इंजीनियर समेत संबंधित अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया गया है. मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने खुद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए यह जानकारी दी है.

सीएम रेखा ने क्या ऐलान किया?

मुख्यमंत्री ने कहा है कि दिल्ली में बिना अनुमति बने और खतरनाक स्थिति वाली सभी इमारतों को तत्काल सील करने का आदेश दिया गया है. आसपास की ऐसी इमारतों की भी गहन जांच की जा रही है. नियमों का उल्लंघन मिलने पर सील समेत सख्त कार्रवाई की जाएगी.

इस मामले में हाई कोर्ट ने भी दिल्ली सरकार, केंद्र सरकार, एमसीडी और दिल्ली पुलिस से जवाब मांगा गया है. अगली सुनवाई 25 सितंबर को इस मामले में होने वाली है.





Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button