

यूपी के गोरखपुर में एक सिपाही के अजीबोगरीब कारनामे सुनकर आप भी चौंक जाएंगे. यह सिपाही एक साल पहले बंगाल की एक युवती के अपहरण और छेड़छाड़ के मामले में जेल जा चुका है. लेकिन जब जेल से छूटकर आया तो उसे उसी शहर में फिर तैनाती मिल गई और उसने एक और बड़ा कांड कर डाला. जिला अस्पताल में बहन को खाना देने पहुंची 10 साल की मासूम बच्ची का अपहरण कर उसकी हत्या कर दी. हत्या के बाद शव को नदी में फेंक दिया. पुलिस ने आरोपी सिपाही को गिरफ्तार करने के बाद उसकी निशानदेही पर बच्ची का शव बरामद किया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. पुलिस ने दुष्कर्म की आशंका भी जताई है. हालांकि शव लगभग 60 प्रतिशत खराब हो चुका था, जिससे पोस्टमार्टम रिपोर्ट में दुष्कर्म की पुष्टि होना मुश्किल लग रहा है. हैरानी की बात यह है कि जेल से छूटने के बाद उसे फिर तैनाती क्यों दे दी गई.
अस्पताल से बच्ची को बहला-फुसलाकर ले गया आरोपी
गोरखपुर के कोतवाली थाना क्षेत्र स्थित जिला चिकित्सालय से दो दिन पहले मंगलवार रात बीमार बहन को खाना देने पहुंची 10 साल की मासूम बच्ची को आरोपी सिपाही बहला-फुसलाकर घर छोड़ने के बहाने अपने साथ ले गया. बच्ची जब घर नहीं पहुंची तो उसके पिता रिंकू शर्मा ने पुलिस को उसके लापता होने की सूचना दी. कोतवाली पुलिस ने तत्काल मुकदमा दर्ज कर बच्ची की तलाश शुरू की.
पुलिस पहले अस्पताल पहुंची, जहां लापता बच्ची की बड़ी बहन मौजूद थी. पूछताछ में उसने आरोपी का हुलिया बताया और कहा कि पुलिस की वर्दी में आया एक व्यक्ति उसकी बहन को घर छोड़ने के बहाने अपने साथ ले गया था.
200 सीसीटीवी कैमरों की जांच के बाद आरोपी पकड़ा गया
हरकत में आई पुलिस ने एसएसपी के निर्देश पर पांच टीमों का गठन किया और बच्ची की तलाश शुरू की. करीब 200 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई. फुटेज में आरोपी सिपाही बच्ची को गाड़ी पर बैठाकर ले जाता दिखाई दिया. इसके आधार पर आरोपी की पहचान हुई और पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया.
पूछताछ में आरोपी सिपाही ने अपना गुनाह कबूल करते हुए बताया कि वह बच्ची को लगभग 15 किलोमीटर दूर एक श्मशान घाट ले गया, जहां उसकी हत्या करने के बाद शव नदी में फेंक दिया. मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को बाहर निकाला. बच्ची का शव मिलने के बाद पुलिस ने आशंका जताई कि हत्या से पहले उसके साथ दुष्कर्म हुआ हो सकता है. हालांकि शव लगभग 60 प्रतिशत खराब हो चुका था. पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया.
आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उसे मेडिकल के लिए जिला अस्पताल भेजा गया. जिस जिला अस्पताल से आरोपी बच्ची को अगवा कर ले गया था, वहीं पहुंचने पर अस्पताल के कर्मचारी, डॉक्टर और मौजूद लोग आक्रोशित हो गए. पुलिस की मौजूदगी में ही आरोपी सिपाही अभिषेक की जमकर पिटाई कर दी गई.
बंगाल की युवती से छेड़छाड़ के मामले में भी जा चुका है जेल
आरोपी सिपाही अभिषेक यादव इससे पहले 3 फरवरी 2025 की रात पश्चिम बंगाल के नदिया जिले की रहने वाली एक युवती से जुड़े मामले में भी जेल जा चुका है. युवती अपने एक साथी के साथ गोरखपुर पहुंची थी. गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर आरोपी सिपाही ने उसे रोक लिया और मोबाइल चोरी के मामले का हवाला देकर रेलवे स्टेशन से बाहर ले आया. इसके बाद वह युवती को बाइक से गोरखनाथ थाने ले गया.
वहां युवती के साथ आए व्यक्ति को थाने के पास छोड़कर आरोपी युवती को अपने साथ लगभग चार किलोमीटर दूर ले गया. वहां उसने युवती के साथ छेड़छाड़, लूट और मारपीट की कोशिश की. युवती के साथ आए व्यक्ति ने इसकी सूचना पुलिस को दी. हरकत में आई पुलिस ने आधे घंटे के भीतर युवती को बरामद कर लिया. सीसीटीवी और सर्विलांस की मदद से आरोपी सिपाही को भी हिरासत में ले लिया गया. उस समय उसके पास से फर्जी दस्तावेज भी बरामद हुए थे.
उस समय के तत्कालीन एसएसपी ने उसे निलंबित कर दिया था और इस संबंध में कोतवाली थाने में मुकदमा दर्ज कर आरोपी सिपाही को जेल भेज दिया गया था. हालांकि युवती की गवाही नहीं होने पर उसे सितंबर 2025 में जमानत मिल गई. जेल से छूटने के बाद उसे फिर गोरखपुर शहर में ही तैनाती मिल गई.
एसएसपी बोले, आरोपी ने हत्या की बात कबूल की
गोरखपुर के एसएसपी डॉ. कौस्तुभ ने गुरुवार को आरोपी सिपाही की गिरफ्तारी के बाद मामले का खुलासा किया. उन्होंने बताया कि गाजीपुर निवासी सिपाही अभिषेक यादव गोरखपुर में डायल-112 में तैनात था. जनवरी 2025 में उसने बंगाल की एक महिला से छेड़छाड़ की थी, जिसके बाद उसे निलंबित कर दिया गया था. एसएसपी ने बताया कि आरोपी ने पूछताछ में हत्या की बात कबूल की है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद स्पष्ट हो जाएगा कि बच्ची के साथ क्या हुआ था.
आरोपी पर लगेगी एनएसए
इस संबंध में सीओ कोतवाली ओंकार दत्त तिवारी ने बताया कि दुष्कर्म की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में होना मुश्किल है, क्योंकि शव लगभग 60 प्रतिशत सड़ चुका था. आरोपी सिपाही अभिषेक यादव के खिलाफ हत्या, अपहरण, दुष्कर्म, वाहन की नंबर प्लेट बदलने, धोखाधड़ी समेत अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है. उन्होंने बताया कि आरोपी पहले भी महिला से छेड़छाड़ और अपहरण के मामले में जेल जा चुका है. आरोपी के खिलाफ एनएसए के तहत भी कार्रवाई की जाएगी.
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