
मंडी से बीजेपी की सांसद और फिल्म अभिनेत्री कंगना रनौत ने मंगलवार (28 जुलाई) को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के विरोध प्रदर्शन में शामिल हुए जेन जी प्रदर्शनकारियों पर टिप्पणी की है. कंगना ने उन्हें जेनरेशन गटर (Gen G) करार दिया, जिसके बाद सियासी विवाद खड़ा हो गया है. अब इस पर हिमाचल प्रदेश के मंत्री और कांग्रेस नेता विक्रमादित्य सिंह ने प्रतिक्रिया दी है.
हिमाचल के मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने कहा, ”पूरे देश के युवा वहां आए. पीएम मोदी भी उन्हें फ्रेंड्स कहकर बोल रहे हैं. वो बोल रहे हैं कि ये हमारे मित्र हैं. प्रधानमंत्री जी युवाओं को गंभीरता से ले रहे हैं, उनके साथ वो इंस्टाग्राम, फेसबुक के माध्यम से सीधा संपर्क कर रहे हैं. लेकिन हमारी मोहतरमा बोल रहीं हैं कि वो कूड़ा करकट हैं. तो पीएम मोदी और कंगना रनौत आपस में मत बना लें कि देश के युवा हमारे भविष्य हैं या फिर वो कूड़ा करकट हैं.”
कंगना रनौत हमेशा बिना सिर पैर के बयान देती हैं- विक्रमादित्य
उन्होंने तंज कसते हुए आगे कहा, ”बीजेपी की सांसद कंगना रनौत इस तरीके के बयान के लिए ही जानी जाती हैं. वो हमेशा बिना सिर पैर वाले बयान देती हैं. हमारी बड़ी बहन हैं. आज हम सैंज घाटी में आए हैं और मैं यहां के सभी देवी-देवताओं से प्रार्थना करता हूं कि वो हमारी बहन कंगना रनौत जी को सद्बुद्धि प्रदान करें.”
कंगना रनौत ने क्या कहा?
हिमाचल की मंडी से BJP सांसद ने जंतर-मंतर पर प्रदर्शनकारियों के वीडियो को गंदगी, कचरे और बदसूरती का प्रदर्शन बताया. रनौत ने कहा, “मैंने अपनी ज़िंदगी में कभी एक जगह इतनी बदसूरती नहीं देखी. जेन Z के विरोध प्रदर्शनों की ये रील्स उल्टी लाने वाली हैं. जिस तरह से वे बात करते हैं और जिस तरह की भाषा का इस्तेमाल करते हैं मैंने अपनी जिंदगी में कभी हर फ्रेम में एक साथ इतनी अजीब और भद्दी चीजें नहीं देखीं. छी! उन्हें कौन पैदा कर रहा है और पाल-पोस रहा है?”
बता दें कि दिल्ली के जंतर-मंतर पर सीजेपी, छात्रों और सामाजिक कार्यकर्ताओं के नेतृत्व में 36 दिनों तक विरोध प्रदर्शन हुआ. सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने 26 दिन तक अनशन किया था. यह प्रदर्शन 25 जुलाई को तब खत्म हुआ जब सरकार ने प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांगें मान लीं. इसी दिन केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने भी इस्तीफा दिया था.