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First on NDTV: सोनम वांगचुक का जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह ने तुड़वाया अनशन, पीएम मोदी ने की बेहतर स्वास्थ की कामना | cjp protest sonam Wangchuk end fast jp nadda pm modi video


नई दिल्ली:

सोनम वांगचुक ने अपना अनशन तोड़ दिया है. नीट पेपर लीक और छात्रों से जुड़े मुद्दों पर वांगचुक 26 दिन से भूख हड़ताल कर रहे थे. शुक्रवार को उनका 27वां दिन था. केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह ने अस्पताल पहुंचकर उनका अनशन तुड़वाया.

सोनम वांगचुक ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के छात्रों के नाम वीडियो मैसेज के बाद अनशन तोड़ा है. देर रात प्रधानमंत्री मोदी ने एक वीडियो जारी कर छात्रों को भरोसा दिलाया था कि कैबिनेट मीटिंग में पेपर लीक को लेकर सख्त फैसला लिया जाएगा. 

वांगचुक ने X पर पोस्ट कर अनशन तोड़ने की जानकारी दी है. उन्होंने बताया कि केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह की मौजूदगी में अनशन तोड़ दिया है. उन्होंने कहा कि यह कदम कई शर्तों पर लंबी बातचीत और देश में संभावित हिंसा को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है. उन्होंने बताया कि शर्तों के बारे में अलग से वीडियो जारी कर बताएंगे.

PM मोदी ने अच्छे स्वास्थ्य की कामना की

सोनम वांगचुक के हड़ताल तोड़ने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना की है. पीएम मोदी ने कहा कि मैं आग्रह करता हूं कि वो डॉक्टरों की सलाह के अनुसार अपनी दिनचर्या रखें और जल्द से जल्द अपना पुराना वजन फिर से प्राप्त करें. 

28 जून से कर रहे थे अनशन

28 जून से सोनम वांगचुक जंतर-मंतर पर भूख हड़ताल कर रहे थे. उन्हें 18 जुलाई को पुलिस ने जंतर-मंतर से सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया था. 

वांगचुक की पत्नी गीतांजलि आंगमो ने दिल्ली हाई कोर्ट में याचिका दायर उन्हें किसी निजी अस्पताल में भर्ती करने की मांग की थी. हाई कोर्ट के आदेश के बाद उन्हें गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल लाया गया था.

केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह ने मंगलवार देर रात मेदांता अस्पताल में सोनम वांगचुक से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना था.

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Photo Credit: IANS

वांगचुक ने अनशन तोड़ने की रखी थीं शर्तें

बुधवार को सोनम वांगचुक ने अपना अनशन खत्म करने के लिए सरकार के सामने कुछ शर्तें रखी थीं. केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा और राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह को लिखे एक पत्र में उन्होंने अपनी शर्तें बताई थीं.

वांगचुक ने मेदांता अस्पताल से एक वीडियो संदेश में कहा कि अगर सरकार यह भरोसा दिला देती है कि छात्रों पर अब किसी भी तरह का बल प्रयोग नहीं किया जाएगा और न ही उन पर एफआईआर दर्ज की जाएगी या पुलिस के माध्यम से उन्हें परेशान किया जाएगा, तो वे आज ही अपना अनशन खत्म कर देंगे.






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