
नई दिल्ली:
सोनम वांगचुक ने अपना अनशन तोड़ दिया है. नीट पेपर लीक और छात्रों से जुड़े मुद्दों पर वांगचुक 26 दिन से भूख हड़ताल कर रहे थे. शुक्रवार को उनका 27वां दिन था. केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह ने अस्पताल पहुंचकर उनका अनशन तुड़वाया.
सोनम वांगचुक ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के छात्रों के नाम वीडियो मैसेज के बाद अनशन तोड़ा है. देर रात प्रधानमंत्री मोदी ने एक वीडियो जारी कर छात्रों को भरोसा दिलाया था कि कैबिनेट मीटिंग में पेपर लीक को लेकर सख्त फैसला लिया जाएगा.
वांगचुक ने X पर पोस्ट कर अनशन तोड़ने की जानकारी दी है. उन्होंने बताया कि केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह की मौजूदगी में अनशन तोड़ दिया है. उन्होंने कहा कि यह कदम कई शर्तों पर लंबी बातचीत और देश में संभावित हिंसा को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है. उन्होंने बताया कि शर्तों के बारे में अलग से वीडियो जारी कर बताएंगे.
Just now in the presence of Union Ministers Sh. JP Nadda, Dr. Jitendra Singh and the senior leaders of Apex Body of Leh Ladakh I finally broke my fast after 26 days. Earlier 65 members of parliament from different political parties had visited or signed letters urging me to break… pic.twitter.com/RFCet7Oksy
— Sonam Wangchuk (@Wangchuk66) July 23, 2026
PM मोदी ने अच्छे स्वास्थ्य की कामना की
सोनम वांगचुक के हड़ताल तोड़ने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना की है. पीएम मोदी ने कहा कि मैं आग्रह करता हूं कि वो डॉक्टरों की सलाह के अनुसार अपनी दिनचर्या रखें और जल्द से जल्द अपना पुराना वजन फिर से प्राप्त करें.
मैं सोनम जी से आग्रह करता हूँ की वो डॉक्टरों की सलाह के अनुसार अपनी दिनचर्या रखें और जल्द से जल्द अपना पुराना वज़न फिर से प्राप्त करें।
मैं प्रभु से प्रार्थना करता हूँ कि सोनम जी स्वस्थ रहें।@Wangchuk66 @GitanjaliAngmo
— Narendra Modi (@narendramodi) July 23, 2026
28 जून से कर रहे थे अनशन
28 जून से सोनम वांगचुक जंतर-मंतर पर भूख हड़ताल कर रहे थे. उन्हें 18 जुलाई को पुलिस ने जंतर-मंतर से सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया था.
वांगचुक की पत्नी गीतांजलि आंगमो ने दिल्ली हाई कोर्ट में याचिका दायर उन्हें किसी निजी अस्पताल में भर्ती करने की मांग की थी. हाई कोर्ट के आदेश के बाद उन्हें गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल लाया गया था.
केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह ने मंगलवार देर रात मेदांता अस्पताल में सोनम वांगचुक से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना था.

Photo Credit: IANS
वांगचुक ने अनशन तोड़ने की रखी थीं शर्तें
बुधवार को सोनम वांगचुक ने अपना अनशन खत्म करने के लिए सरकार के सामने कुछ शर्तें रखी थीं. केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा और राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह को लिखे एक पत्र में उन्होंने अपनी शर्तें बताई थीं.
वांगचुक ने मेदांता अस्पताल से एक वीडियो संदेश में कहा कि अगर सरकार यह भरोसा दिला देती है कि छात्रों पर अब किसी भी तरह का बल प्रयोग नहीं किया जाएगा और न ही उन पर एफआईआर दर्ज की जाएगी या पुलिस के माध्यम से उन्हें परेशान किया जाएगा, तो वे आज ही अपना अनशन खत्म कर देंगे.





