

Viral Post: पैसा कमाना और अमीर बनना हर किसी का सपना होता है. कोई एक करोड़ का फंड बनाना चाहता है, तो कोई आलीशान घर खरीदना. लेकिन दिक्कत तब शुरू होती है, जब हम इन बड़े लक्ष्यों के लिए बहुत छोटा और अव्यावहारिक डेडलाइन तय कर लेते हैं. मशहूर आंत्रप्रेन्योर और कंटेंट क्रिएटर अंकुर वारिकू ने हाल ही में सोशल मीडिया पर एक ऐसा ही दिलचस्प वाकया शेयर किया है, जो हर उस निवेशक के लिए आंखें खोलने वाला है जो रातों-रात अमीर बनना चाहता है.
‘अमीर बनने की जल्दबाजी’ है सबसे बड़ी नासमझी
वारिकू ने अपनी लिंक्डइन पोस्ट में एक महिला के ईमेल का जिक्र किया. यह महिला एक अच्छी नौकरी में है, बेहतरीन कमाती है और उसे निवेश का अच्छा-खासा अनुभव भी है. वह अगले 3 से 4 साल में एक करोड़ रुपये का फंड बनाना चाहती है. वारिकू के मुताबिक, यह लक्ष्य जितना आम है, उतना ही नादानी से भरा भी है.
दिलचस्प बात यह है कि वह महिला पहले ही 25 लाख रुपये की शानदार बचत कर चुकी है, जिसे वारिकू ने वाकई काबिले-तारीफ बताया. लेकिन इसके बावजूद, बहुत कम समय में एक बड़ा आंकड़ा छूने की चाहत ने उन्हें भी उसी जाल में फंसा दिया जिसमें अक्सर बड़े-बड़े समझदार निवेशक फंस जाते हैं.
कंपाउंडिंग का जादू सिर्फ वक्त मांगता है
हम सबने ‘कंपाउंडिंग’ का नाम सुना है, लेकिन वारिकू कहते हैं कि दिक्कत यह है कि अधिकतर लोगों ने अपनी बचत पर इसका असली जादू अभी तक महसूस नहीं किया है. कंपाउंडिंग में आपका पैसा समय के साथ खुद पैसा बनाता है, लेकिन इसकी पहली और सबसे जरूरी शर्त है समय. 20 या 30 की उम्र के युवाओं ने निवेश की दुनिया में अभी 15 से 20 साल का लंबा सफर तय नहीं किया होता. इसलिए उन्हें शुरुआत में यह ग्रोथ बहुत धीमी लगती है और वे अपना धैर्य खोने लगते हैं. अमीर बनने की राह में कोई शॉर्टकट नहीं होता, इसके लिए आपको वक्त की कीमत समझनी होगी.
जब लोगों को लगता है कि उनका पैसा मनमुताबिक रफ्तार से नहीं बढ़ रहा, तो वे जोखिम भरे शॉर्टकट तलाशने लगते हैं. वारिकू ने चेतावनी देते हुए कहा, “जल्दी अमीर बनने का इकलौता रास्ता सिर्फ लॉटरी का टिकट है.” इसके अलावा हर दूसरा रास्ता वक्त और कंपाउंडिंग पर ही टिका है. जब लोग इस प्रक्रिया पर भरोसा नहीं करते, तो वे उन फ्रॉड और स्कीमों के जाल में फंस जाते हैं जो भारी रिटर्न का लालच देती हैं. वारिकू के शब्दों में, इस सिस्टम पर भरोसा न करना कोई स्मार्टनेस नहीं है, बल्कि यह ‘जुए का ही दूसरा नाम’ है.
यह भी पढ़ें | भारत की सबसे लंबी ट्रेन जर्नी के जनरल डिब्बे में बैठी यूट्यूबर, 4 दिन सफर के बाद बोली- ‘ये बात नहीं भूलूंगी’
सोशल मीडिया पर क्या बोले लोग?
वारिकू की इस पोस्ट पर लोगों ने भी अपनी सहमति जताई. एक यूजर ने लिखा, “निवेश में जल्दबाजी कितनी खतरनाक हो सकती है, लोग इसका अंदाजा नहीं लगा पाते. एक गलत फैसला आपको सालों पीछे धकेल देता है.” वहीं दूसरे यूजर का कहना था, “भौतिक चीजों के साथ-साथ अगर लोग अपने मन की शांति को भी कंपाउंड करना सीख लें, तो जिंदगी आसान हो जाएगी.” एक अन्य यूजर ने लिखा, “टिकाऊ ग्रोथ हमेशा हमारे तय किए वक्त के हिसाब से नहीं चलती. धैर्य रखना भी इन्वेस्टमेंट स्ट्रैटेजी का ही हिस्सा है.”
यह भी पढ़ें | ‘जिन्हें नौकरी की सख्त जरूरत हो, उन्हें काम पर मत रखो’; मारवाड़ी एंटरप्रेन्योर ने समझाया इसका लॉजिक
यह भी पढ़ें | मौत के मुंह से लौटे भारतीय डॉक्टर का नर्क देखने का दावा, बोले- ‘अजीब चेहरों वाले साये वहां चीख रहे थे’





