

अदालत ने सीएम हेमंत सोरेन को शाम 4 बजे तक पेश होने का निर्देश दिया है और वे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कार्यवाही में शामिल होंगे.
PTI
झारखंड की रांची में बड़गाईं अंचल की 8.86 एकड़ जमीन से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में रांची की विशेष PMLA कोर्ट में 21 सितंबर को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के खिलाफ आरोप तय करने को लेकर अहम सुनवाई होगी. अदालत ने उन्हें शाम चार बजे तक पेश होने का निर्देश दिया है. हेमंत सोरेन वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अदालत की कार्यवाही में शामिल होंगे.
बता दें कि बड़गाईं की 8.86 एकड़ जमीन से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में अब तक 16 आरोपियों के खिलाफ आरोप तय किए जा चुके हैं. अब मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के खिलाफ आरोप तय करने की प्रक्रिया बाकी है. इसको लेकर 21 सितंबर को रांची की विशेष PMLA अदालत में सुनवाई होगी. हेमंत सोरेन वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अदालत की कार्यवाही में शामिल होंगे.
क्या है बड़गाईं जमीन मनी लॉन्ड्रिंग मामला?
बड़गाईं जमीन मनी लॉन्ड्रिंग मामला झारखंड की राजधानी रांची के बड़गाईं अंचल की 8.86 एकड़ जमीन से जुड़ा है. इस मामले की जांच प्रवर्तन निदेशालय (ED) मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों के तहत कर रहा है और इसमें झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का नाम भी आरोपियों में शामिल किया गया है.
ED का आरोप है कि रांची के बड़गाईं क्षेत्र की 8.86 एकड़ मूल्यवान जमीन के स्वामित्व और हस्तांतरण में फर्जीवाड़ा किया गया और राजस्व अभिलेखों में हेरफेर की गई. जांच एजेंसी का दावा है कि जमीन पर अवैध कब्जा और उसके पक्ष में हस्तांतरण कराने के लिए कथित रूप से फर्जी दस्तावेज तैयार किए गए.
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